शरारती लतीफे
+0000c30obeFri, 27 Jun 2008 08:02:53 +0000 26, 2007खुदा करे के तुमको जुदाई न मिले
कभी भी तनहाई न मिले
मुझे एस एम एस न करो तो कुछ ऐसा हो
कि मौसम हो सर्दी का और तुम्हें रजाई न मिले
यह न सोचना कि भूल जायेंगे तुम्हे
दूर रहकर भी हमेशा चाहेंगे तुम्हें
अगर दोस्त बनके रास न आये तो
भूत बनकर डरायेंगे तुम्हें
आज वो हम से जन्नत में टकरा गये
आज वो हम से जन्नत में टकरा गये
और हमारे दिल से ये आवाज निकली
फिट्टे मूंह..तुस्सी इत्थे वी आ गये!!!!!
कर दिया इजहारे इश्क हमने टेलिफोन पर
लाख रुपये की बात थी,
दो रुपये में हो गयी(वाह वाह)।
लोग कहते हैं ….प्यार इतना भी मत करो कि गर्लफ्रैंड सर पर सवार हो जाये
हम कहते हैं कि प्यार करो इतना कि गर्लफ्रैंड की फ्रैंड भी तुम्हारे साथ फरार हो जाये।
दिल से याद करते हैं
आंखों से आंसूं छलक जाते हैं
कभी हजार बातें करते थे
अब एक बात के लिये तरस जाते हैं
न पूछो हमसे कोई सवाल के जिंदगी एक सवाल बन के रह गयी है
दर्द इतना है सीने में कि खुशी एक ख्याल बनके रह गयी है
हमने कभी किया न था प्यार तुमसे प्यार करने से पहले
और न कभी चाहा था किसी को तुम्हे चाहने से पहले
पर तूने हमें जख्म दिये इतने जालिम
हर पल घुट घुट के मर गये हर पल जीने से पहले
भरी महफिल में तन्हा मुझे रहना सिखा दिया
तेरे प्यार ने दुनिया को झूठा कहना सिखा दिया
किसी दर्द या खुशी का अहसास नहीं होता अब तो
सब कुछ जिंदगी में चुप चाप सहना सिखा दिया
अगर भीगने का इतना शौंक है बारिश में
तो देखो इन आंखों में
बारिश तो हर एक के लिये बरसती है
ये आंसूं सिर्फ तुम्हारे लिये बरसते हैं
हमने इस दुनिया में इतने जख्म खाये हैं
मुझसे जो बिछड़ गये वो खुद मेरे साये हैं
जी रहा हूं जिंदगी में इन आंसुंओं के सहारे
मेरे लिये तो अब अपने भी पराये हैं
ना करते शिकायत जमाने से कोई
अगर मान जाता मनाने से कोई
किसी को क्यों याद करता कोई
अगर भूल जाता भुलाने से कोई
ये दिल का जख्म तुमने दिया है तो कोई बात नहीं
ये जिगर का दर्द अगर तुमने दिया है तो कोई बात नहीं
मजाल किसकी थी कि कहता मुझे दीवाना मगर
ये तुमने कहा है तो कोई बात नहीं
Posted by pawan


